नीमच टुडे न्यूज़ | नीमच नीमच जिले से प्रारंभ हुआ नीमच दुग्ध समृद्धि अभियान आज पूरे प्रदेश में लागू होकर पशुपालकों के लिए लाभकारी सिद्ध हो रहा है। यह नीमच जिले के लिए गौरव का विषय है कि यहां से शुरू हुई पहल को शासन ने प्रदेशव्यापी स्वरूप दिया। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने कहा कि किसान उन्नत कृषि और पशुपालन के साथ-साथ जैविक खेती की ओर भी आगे बढ़ें, जिससे आय में सतत वृद्धि हो सके। कलेक्टर चंद्रा बुधवार को नीमच विकासखंड के ग्राम बमोरा में दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान के अंतर्गत पशुपालक सोनू पिता कवरलाल पाटीदार के डेयरी फार्म पर गृहभेंट के दौरान पशुपालकों से संवाद कर रहे थे।
इस अवसर पर एसडीएम संजीव साहू, उप संचालक पशुपालन डॉ. राजेश पाटीदार, डॉ. ए.आर. धाकड़, तहसीलदार यशपाल मुजाल्दा सहित पशु चिकित्सा विभाग का अमला एवं पशुपालक उपस्थित रहे। प्रगतिशील पशुपालक कवरलाल पाटीदार ने बताया कि उनके पास 17 बीघा कृषि भूमि है, लेकिन वे खेती की तुलना में पशुपालन से अधिक आय अर्जित कर रहे हैं। वर्तमान में उनके पास 13 उन्नत नस्ल की दुधारू गायें हैं, जिनसे प्रतिदिन लगभग 2 क्विंटल दूध उत्पादन हो रहा है। वे दूध सांची दुग्ध समिति कुचडौद को 37-38 रुपये प्रति लीटर की दर से विक्रय कर प्रतिमाह लगभग 1.20 लाख रुपये की आमदनी कर रहे हैं। उप संचालक पशुपालन डॉ. राजेश पाटीदार ने विभागीय ऋण एवं अनुदान योजनाओं, पशु स्वास्थ्य देखभाल, नस्ल सुधार और सेक्स सॉर्टेड सीमन से कृत्रिम गर्भाधान की जानकारी देकर पशुपालकों को योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया।