मध्यप्रदेश में जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेशवासियों से ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पारंपरिक जल स्रोतों का संरक्षण वर्तमान और भविष्य की सबसे बड़ी आवश्यकता है और इसके लिए समाज के हर वर्ग की सहभागिता जरूरी है। गंगा दशहरा पर्व के पावन अवसर पर सोमवार 25 मई को प्रदेश के ग्रामीण और नगरीय क्षेत्रों में व्यापक जल संरक्षण गतिविधियां एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। अभियान के तहत कुएं, बावड़ियां, नहरें, तालाब और घाटों की साफ-सफाई के साथ पुराने बंद पड़े बोरवेल के पास रिचार्ज पिट निर्माण जैसे कार्य किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी प्रभारी मंत्री, सांसद, विधायक और स्थानीय जनप्रतिनिधि सामाजिक संगठनों व नागरिकों के सहयोग से श्रमदान कर लोगों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक करेंगे। अभियान का उद्देश्य जल स्रोतों का संरक्षण कर भविष्य के लिए जल सुरक्षित करना है।