नीमच टुडे न्यूज़ | नीमच जिले में जल जनित बीमारियों की रोकथाम एवं नागरिकों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने सभी नगरीय निकायों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। कलेक्टर ने जल स्त्रोतों की नियमित सफाई, जल उपचार संयंत्र (WTP) के फिल्टर बेड के संधारण एवं एलम-क्लोरीन की उचित मात्रा से जल शुद्धिकरण सुनिश्चित करने को कहा है। जिला शहरी विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी पराग जैन ने बताया कि कलेक्टर के निर्देशानुसार सभी उच्च स्तरीय जल टंकियों की समय-समय पर सफाई कर, प्रत्येक टंकी पर सफाई की तिथि अंकित की जाएगी।
साथ ही हैण्डपम्प व नलकूपों में ब्लीचिंग पाउडर या लिक्विड सोडियम हाइपोक्लोराइड का उपयोग कर पानी को जीवाणु रहित किया जाएगा। कलेक्टर ने विशेष रूप से खुली नालियों व सीवर के पास से गुजरने वाली पाइपलाइनों के नियमित निरीक्षण, लीकेज की 24 घंटे में मरम्मत तथा पानी के रंग या बदबू की शिकायत पर तत्काल वैकल्पिक जल आपूर्ति के निर्देश दिए हैं। पेयजल में कोलीफॉर्म बैक्टीरिया की नियमित जांच कर रिकॉर्ड संधारण भी अनिवार्य किया गया है। दूषित पेयजल की शिकायतों के त्वरित समाधान हेतु जिला स्तरीय हेल्पलाईन 7697484769 एवं 8109207374 भी स्थापित की गई है। नगरीय निकायों द्वारा पाइपलाइन संधारण, टंकियों की सफाई एवं जल शुद्धिकरण का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है।