नीमच टुडे न्यूज़ | चीताखेड़ा में रविवार को चातुर्मास के अवसर पर चेन्नई से पधारी साध्विवर्या धृति पूर्णा श्रीजी म.सा. एवं साध्वी अभय पूर्णा श्रीजी म.सा. का भव्य एवं ऐतिहासिक मंगल प्रवेश श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। आचार्य श्री निपुण रत्न सूरीश्वर जी म.सा. एवं पंन्यास प्रवर श्री राजरत्न विजय जी म.सा. की पावन निश्रा में निकले मंगल प्रवेश चल समारोह में बड़ी संख्या में जैन समाज के श्रद्धालु शामिल हुए।
नगर में साधु-साध्वियों के आगमन पर जगह-जगह रंगोली सजाई गई और पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
धर्मसभा को संबोधित करते हुए पंन्यास प्रवर श्री राजरत्न विजय जी म.सा. ने कहा कि धन और तन का सुख हर व्यक्ति को मिल सकता है, लेकिन मन का सच्चा सुख केवल प्रभु भक्ति, संयम, साधना और आत्मचिंतन से ही प्राप्त होता है।
वहीं आचार्य श्री निपुण रत्न सूरीश्वर जी म.सा. ने चातुर्मास को आत्मशुद्धि, अनुशासन और धर्म आराधना का श्रेष्ठ अवसर बताते हुए समाजजनों से अधिक से अधिक धर्मलाभ लेने का आह्वान किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।