नीमच टुडे न्यूज़ | चीताखेड़ा आस्था, श्रद्धा और विश्वास का अद्भुत संगम शनिवार को चीताखेड़ा में देखने को मिला, जब श्री श्याम मित्र मंडल चीताखेड़ा के तत्वावधान में सैकड़ों श्रद्धालुओं का पैदल जत्था राजस्थान स्थित विश्वविख्यात श्री सांवलिया सेठ धाम, मंडफिया के लिए रवाना हुआ। चार वर्ष पूर्व कुछ गिने-चुने श्रद्धालुओं से शुरू हुई यह पैदल यात्रा आज एक विशाल कारवां का रूप ले चुकी है, जिसने अपने भव्य स्वरूप से पूर्व के सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए। शनिवार सुबह 7 बजे बजरंग मंदिर से यह ऐतिहासिक पैदल यात्रा डीजे पर बजते धार्मिक भजनों और “जय सांवलिया सेठ” के गगनभेदी जयघोष के साथ शुरू हुई। घने कोहरे और ठंडी धुंध के बीच श्रद्धालु नाचते-झूमते पूरे उत्साह के साथ लगभग 90 किलोमीटर की कठिन पैदल यात्रा पर निकले। इस यात्रा में छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, महिला-पुरुष सभी शामिल रहे, जो अपनी मन्नतों की पूर्ति और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना लेकर चल रहे हैं। यात्रा मार्ग में ग्रामवासियों, सामाजिक व धार्मिक संगठनों ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया और चाय, केसर दूध, पोहा सहित स्वल्पाहार कराकर पुण्य लाभ लिया। पैदल संघ के साथ विशेष रूप से सुसज्जित रथ में विराजमान श्री सांवलिया सेठ की प्रतिमा श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रही। यात्रा का पहला विश्राम विंदोता स्थित खाखरदेव मंदिर पर किया गया, जहां श्रद्धालुओं ने विश्राम कर आगे की यात्रा की तैयारी की।