नीमच टुडे न्यूज़ | चंद्रग्रहण के चलते मंगलवार को शहर के मंदिरों में सामान्य दिनों जैसी चहल-पहल देखने को नहीं मिली। ग्रहण को लेकर धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मंदिरों के पट बंद रखे गए, जिससे मंदिर परिसरों में दिनभर सन्नाटा पसरा रहा। मान्यता है कि चंद्रग्रहण के दौरान मंदिरों में पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठान और दर्शन नहीं किए जाते, इसी कारण दर्शन व्यवस्था भी अस्थायी रूप से बंद रखी गई। ग्रहण लगने से पहले श्रद्धालु दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे, लेकिन ग्रहण काल शुरू होते ही मंदिरों के द्वार बंद कर दिए गए और नियमित धार्मिक गतिविधियां रोक दी गईं। आम दिनों में जहां श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रहती है, वहां इस दौरान शांत माहौल नजर आया और मंदिर परिसर सूने दिखाई दिए। चंद्रग्रहण समाप्त होने के बाद मंदिरों का विधि-विधान अनुसार शुद्धिकरण किया जाएगा। इसके पश्चात पूजा-अर्चना कर मंदिरों के पट पुनः श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए जाएंगे।