नीमच टुडे न्यूज़ | कहते हैं आईएएस, आईपीएस अफसर रिजर्व नेचर के होते हैं लोगों से कम मिलते हैं और खासतौर पर जब जन्मदिन हो तो वे शहर से बाहर रहते हैं लेकिन नीमच एसपी राजेश व्यास जी का नेचर तो एक प्रशासनिक अफसर से कहीं ज्यादा कार्यशील अधिकारी और कुशल व्यवहार के व्यक्तित्व वाला है। 1 जुलाई को श्री व्यास का जन्मदिन था, इस दिन भी वे शाम 7.30 बजे तक दफ्तर में थे और बाहर मिलने वालों की कतार..। बधाई शुभकामना देने वालों के साथ समस्या सुनाने वाले भी थे, साथ ही सरकारी कामकाज लेकर खड़े मातहत कर्मचारी और फाइलों का ढेर भी। एसपी साहब ने जन्मदिन को खास दिन की तरह नहीं, कार्य दिवस की तरह मनाया। जो आए शुभकामनाएं देने आए, उनसे सहजता से शुकामनाएं स्वीकारी… जो समस्याएं सुनाने आए उनकी समस्याएं भी सुनी, साथ ही सरकारी काम काज भी निपटाया। जन्मदिन का उत्सव था लेकिन खास नहीं। यही सरलता, सहजता एसपी सर को अलग बनाती है, उनका व्यवहार आम जनता से सीधा जुड़ता है तभी एक आम आदमी भी एसपी साहब को शुभकामना देने माला लेकर पहुंच जाता है।